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Editorial

धारा 370 और कांग्रेस की घातक सोच

मणिशंकर अय्यर जैसे लोग तो पूर्ण रूप से पाकिस्तान की भाषा बोलते है । इस देश मे कांग्रेस वरिष्ठ नेता ही पाक की भाषा वोट के लालच मे बोल रहे है, इससे ज्यादा दुखद क्या होगा । कांग्रेसी नेता…

हाई कोर्ट जजों की कथा कनक तिवारी की कलम से

सभी नौकरियों के मरुस्थल में हाई कोर्ट मरुद्यान है। पता ही नहीं चलता कौन वकील कब हाई कोर्ट का जज बना दिया जाएगा। न योग्यता निर्धारण का घोषित मापदंड होता है। न ही बौद्धिक प्रतियोगिता होती है।

लहूलुहान अनुच्छेद 370 की कश्मीर व्यथा कथा: चौथी किश्त

सुप्रीम कोर्ट ने अपनी हताशा में कहा कि पाकिस्तान से आए शरणार्थीनुमा भारतीय जम्मू कश्मीर के संविधान के रहते पीढ़ियों बाद भी वहां के स्थायी नागरिक नहीं माने जा सकते-यह प्रथम दृष्टि में यह…

काश्मीर से धारा 370 हटाने के सुखद परिणाम

यही काश्मीर है, जहा हिंदू पंडितो के साथ नरसंहार किया गया था । महिलाओ के साथ बलात्कार जैसी घटनाओ को अंजाम दिया गया था । पूरे शांति मसीहाओ की कौम ने खामोशी अख्तियार कर ली थी । यह सब बाते आम…

‘भारत छोड़ो दिवस‘ पर कनक तिवारी का विशेष आलेख

भारतीय संसद और न्यायपालिका अंगरेजी संस्थाओं की नकलें हैं। संविधान भारत की धरती में रोपा गया अंगरेजी तेवर है। कोशिश की गई कहीं कहीं हिन्दुस्तानी नस्ल का भी दिखे। उसमें अंगरेजों के ज्यादा…

रेड इंडियन्स, माओरी आदि की बस्तर-त्रासदी

Positive India:Kanak Tiwari: कोलंबस ने अमेरिका को ढूंढ़ा। उसका वहां के मूल निवासियों (जिन्हें इतिहास ने उत्तर अमेरिकी इंडियन या लोकप्रिय नाम रेड इंडियन दिया) से हिंसक संघर्ष 400 वर्षों तक…

लहूलुहान अनुच्छेद 370 की कश्मीर व्यथा कथा : तीसरी किश्त

1949 के अंत तक शेख अब्दुल्ला मंत्रिमंडल के दबाव के कारण महाराजा हरिसिंह को अपने सभी प्रशासनिक और संवैधानिक उत्तरदायित्व अपने पुत्र युवराज कर्णसिंह को सौंपने पड़े। जम्मू कश्मीर विधान सभा…

लहूलुहान अनुच्छेद 370 की कश्मीर व्यथा कथा: दूसरी किश्त

अनुच्छेद 370 के इतिहास को सही संदर्भों में समझना बहुत आवश्यक है। कश्मीर का भारत में होने जा रहा विलय एक पेचीदा प्रश्न था। 26 अक्टूबर 1947 को भारत की संविधान सभा कार्यरत थी। इसके साथ साथ आजाद…