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Editorial

क्या होता अगर सप्ताह में शुक्रवार ना हुआ करता?

दहशत का शुक्रवार से पुराना संबंध है। कभी उन्माद में बदल जाता है तो कभी नरसंहार में। 'डायरेक्ट एक्शन डे', 16 अगस्त 1946 शुक्रवार का दिन था। 19 जनवरी 1990, "रलीव, गलीव, व चलीव" के नारों से…

क्या हार्दिक पटेल ने जनता के बहिष्कार के बाद कांग्रेस छोड़ी ?

हार्दिक पटेल का कांग्रेस छोड़ना जाति-पाति वाली विनाशकारी राजनीति का गुजरात की जनता द्वारा एक निर्णायक बहिष्कार है।

सोचिए ज्ञानवापी के महंत पन्ना शिवलिंग को लेकर कुएं में क्यों कूद गए होंगे?

ज्ञानवापी के महंत पन्ना को क्या मालूम था कि जिस शिवलिंग के रक्षार्थ वे शिवलिंग लेकर ज्ञानवापी कूप में कूद रहे हैं, उस पर ईमानवाले सदियों वजू करेंगे। ये मजहबी क्रूरता का नग्न सत्य है जिसे आज…

औरंगज़ेब ने जब मंदिर तोड़ा था तब बहुत सारे वाइरस सुबूत के तौर पर छोड़ दिए

काशी विश्वनाथ मंदिर भग्न करते समय जो सबूत छोड़े गए जैसे पुराने मंदिर की दीवार पर ही गुंबद खड़ा कर देना, नंदी की मूर्ति अक्षुण्ण रहना और ज्ञानवापी में भग्न मंदिर के अवशेष और अब वजू करने की…

उनको डर क्यों लग रहा है ?

व्यभिचारी, अत्याचारी, डकैत अकबर को इतिहास की किताबों में ग्रेट मुगल लिखा गया। 800 साल तक पढ़ाई लिखाई का एक भी केंद्र नहीं बनाने वाले, प्राचीन शिक्षा केंद्रों को जलाने वाले उन अनपढ़ ,गंवार…

क्या काशी में नंदी महाराज की अपने आराध्य महादेव के प्रत्यक्ष दर्शन की प्रतीक्षा शीघ्र…

औरगज़ेब के इसी फरमान या कहिये आदेश पर ही #बनारस के #काशी_विश्वनाथ_मंदिर और #मथुरा_का_केशव_राय_मंदिर तुड़वाया गया था। इसके बावजूद भी मुसलमान औरगज़ेब को अपना #हीरो मानता है.

क्या भारत आज ताजमहल के गर्भगृह से सत्य को छान सकता है ?

कल्पना कीजिए आपके घर-मंदिर में कोई डेड बॉडी लेकर पहुंच जाता है। गर्भ गृह में उस डेड बॉडी को लेकर दफनाया जाने लगता है। आप को कितनी तकलीफ होगी, कितना दर्द होगा!