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#editorial

I.N.D.I. एलायंस सनातन को अपमानित करने के एक सेट एजेंडे पर क्यों चल रहा हैं?

I.N.D.I. एलायंस का सनातन,सेना और देश पर टिप्पणी करना उसी प्रॉक्सी वॉर का हिस्सा है,जिसकी स्क्रिप्ट इनके थूथन पर डॉलर फेंकने वालो ने दिया है....जिसे पढ़ कर ये उनकी नमक हलाली कर रहें हैं....और…

बाबा तुलसी के साहित्य का जातिवाद!

केवल बुराई देखने निकले लोग कहीं भी बुरा ढूंढ ही लेते हैं। ऐसे लोग कल भी थे, ऐसे लोग आज भी हैं, ऐसे लोग कल भी रहेंगे। पर सुनिये- दूध में नींबू पड़ जाय तो दूध को फाड़ देता है। पर उसके बाद क्या…

सफल स्त्रियों को परम्परागत परिधान में देखकर औसत भारतीय-मन भावविह्वल क्यों हो जाता है…

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के मूल में निहित अनेक कारणों में से एक प्रमुख कारण यौनकुंठा है। भारतीय-मन अगर स्त्री के शरीर को वस्त्रों से आच्छादित देखकर भाव​विह्वल होता है तो इसका एक कारण यह भी है…

क्या भाजपा कांग्रेस के द्वारा तैयार की हुई पिच पर खेलने लग गई है ?

दलित के शव पर मुसलमानों द्वारा मूत्र विसर्जन और हिन्दू बच्चियों के नग्न वीडियो मुसलमानों द्वारा रिकॉर्ड कर के प्रचारित करने पर भाजपा की लगभग सामूहिक चुप्पी से जो दस मुसलमान वोट मिलेंगे, मुझे…

वैश्वीकरण कैसे काम करता है, इसको ज़रा समझें

न केवल सऊदी अरब, बल्कि समूचा मुस्लिम जगत कालांतर में रूस-चीन धुरी का एलाई बनेगा। इसमें कोई संदेह नहीं है। पश्चिम से इस्लामिक जगत टकराव की स्थिति में है।

सोमनाथ को भगवान भोलेनाथ का पहला ज्योतिर्लिंग क्यो कहा जाता है?

पवित्र सोमनाथ मंदिर को आतंकियों ने कुल सात बार तोड़ा है। सबसे पहले सन 725 ई में सिंध के सूबेदार अल जुनैद ने, फिर सन 1024 ई. में मोहम्मद गजनवी ने, सन 1297 में अलाउद्दीन खिलजी ने, फिर सन 1395ई…

सुप्रीम कोर्ट ने नरेंद्र मोदी को गुजरात दंगों से क्लीन चिट क्यो दी ?

20 साल तक नरेंद्र मोदी को गुजरात दंगों के लिए बदनाम किया जाता रहा। प्रत्येक चुनाव में उन्हें गुजरात दंगों का आरोपी बताकर दुष्प्रचार किया जाता रहा। सुप्रीम कोर्ट का यह फैसला उन विपक्षियों और…

क्या अग्निपथ पर चलने के लिए कोई जबरदस्ती कर रहा है?

सैन्य प्रक्रिया के बहाने सरकार के पास जितनी रिक्तियां है, उससे चार गुनी ज्यादा युवाओं को डिफेंस सेक्टर से जोर कर उन्हें वास्तव में कौशल युक्त, आर्थिक रूप से सशक्त, असली प्रमाण पत्र के साथ,…

जानिए कैसे आरक्षण की बैसाखी पर खड़े लोगों ने मलाई चाटने के लिए एकलव्य का फर्जी अंगूठा…

एकलव्य कोई दबा-कुचला निर्धन नहीं था । श्रृंगबेर राज्य का शासक था । लेकिन अंगूठे का छल का व्याकरण रच कर आरक्षण की मलाई चाटनी ज़रुर एक छल है । इस छल और कुप्रचार को समाप्त किया जाना चाहिए ।