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Editorial

कुछ स्त्रियां अपनी देह से इतनी खफ़ा-खफ़ा क्यों रहती हैं?

बिना स्त्री के, बिना स्त्री देह के किसी दुनिया की कल्पना कम से कम मैं तो नहीं कर सकता। समेत अपनी देह के स्त्री, दुनिया के इस बागीचे का सब से खूबसूरत और सुगंधित पुष्प है।

नजर के चश्मे बनाने, बेचने की दुकान खोले बैठे हैं कुछ अंधे

मात्र दस हजार वोट पाकर 6.43 लाख वोटों से लोकसभा चुनाव हार चुका राकेश टिकैत सरकार का फैसला बदलवा कर अपना फैसला लाद देने की जिद्द में बावला हो रहा है।

IMA द्वारा मेडिकल बिल के विरोध का विश्लेषण

फार्मास्यूटिकल कंपनियों से मिलने वाले बड़े गिफ्ट, दवा लिखने की एवज में मोटा कमीशन, दवा कंपनियों द्वारा प्रायोजित बड़े-बड़े डॉक्टरों की विदेश यात्राओं के खिलाफ किसी ने प्रश्न किया है ? क्या…

मोदी विरोध के गुरुर में किसान मुनाफा तो दूर लागत के लिए भी तरसता रहे

मोदी विरोध के लिए अंबानी , अडानी का विरोध भी गुड है। टाटा , बिरला का विरोध कर के लोग विदा हो गए। किसी को बाटा का विरोध करते नहीं देखा। हिंदुस्तान लीवर का विरोध करते नहीं देखा। तब जब कि इन…

अंधेर नगरी चौपट राजा को चरितार्थ करते उद्धव ठाकरे

"अंधेर नगरी चौपट राजा" का अर्थ यही होता है... जिन दर्जन भर पुलिसकर्मियों ने अपने हाथों से दो वृद्ध साधुओं को हत्यारों के हाथ सौंप दिया।

वो संगीन सवाल जो आज देश के सीने में सुलग रहे हैं.

गुंडों लफंगों लुटेरों लम्पटों के राजनीतिक गिरोह और माओवादी नक्सली हत्यारों के एनजीओ गैंग्स ने एक नया तमाशा शुरू किया है। देश की संसद में देशहित में पारित होने वाले हर बिल के खिलाफ़, देशहित…

कुछ लोग साहित्य में भी आरक्षण की ही तलब रखते हैं

जो लोग साहित्य में भी आरक्षण की ही तलब रखते हैं, उन से कोई विमर्श करना दीवार में सिर मारना होता है । पिछड़ों , दलितों के साहित्य में भी आरक्षण की तलब भी गज़ब है ।