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कर्ण द्वापर में ही नहीं कलयुग में भी होते हैं कभी कुंती के हिस्से , कभी मुलायम के…

ग़नीमत बस यही थी कि अपर्णा आसाम में थीं। लखनऊ में नहीं। अपर्णा अगर लखनऊ में होतीं तो सपा के लोग उन को फंसाने के लिए , लांछन लगाने के लिए कुछ भी कर गुज़र गए होते।

पिछड़े वर्ग के लिए गठित काका कालेलकर रिपोर्ट पर जवाहर लाल की प्रतिक्रिया

Positive India: Rajkamal Goswami: पिछड़े वर्ग के लिए गठित काका कालेलकर रिपोर्ट पर जवाहर लाल की प्रतिक्रिया ———————————— नेहरू के पत्र का हिन्दी भावानुवाद (1955) “हाल में पिछड़ा…

टीसीएस कांड की सरगना निदा खान जैसों से दूरी बनाना शुरू कीजिए

निदा केवल एक महिला नहीं है। निदा व्यक्ति नहीं है, चरित्र है। वह अकेली भी नहीं, उसके जैसी औरतें हजारों हैं, लाखों हो सकती हैं... आप उन्हें रोक नहीं सकते क्योंकि वे अपने लक्ष्य के प्रति…