Browsing Category
India
कुतर्की और नफरत के शिलालेख लिखने वाले जहरीले लोगों के विमर्श में फंसने से कृपया बचें
आप जहरीले लोगों के उकसावे में आ जाते हैं। कौआ कान ले गया में फंस जाते हैं। दूसरा और महत्वपूर्ण कारण यह है कि आप इस उकसावे में यह भी भूल जाते हैं कि तुलसीदास ने रामचरित मानस हिंदी में नहीं…
गुजरात के कच्छ के रण में 7 से 9 फरवरी, 2023 तक अपनी पहली जी-20 पर्यटन कार्य समूह की…
जी20 के दौरान पर्यटन के 5 प्राथमिकता वाले क्षेत्रों पर जोर दिया जाएगा जैसे पर्यटन क्षेत्र को हरित बनाना, डिजिटलीकरण की शक्ति का उपयोग करना, युवाओं को कौशल के साथ सशक्त बनाना, पर्यटन क्षेत्र…
आप के रोल माडल आखिर बिन लादेन , बगदादी , बुरहान वानी या ज़ाकिर नाईक जैसे हरामखोर…
ब्रिटिशर्स यहां व्यापारी बन कर आए थे लेकिन मुगल तो सीधे-सीध आक्रमणकारी बन कर आए थे । सोने की चिड़िया को लूट लिया । जाने कितने मंदिर लूटे और तोड़े बारंबार । समृद्धि , सुख-चैन लूट लिया । उन का…
लेखक ,लेखिका और पत्रकार लिव इन रिलेशनशिप को लीचड़ और गलीज परम्परा क्यों करार देते…
लेखक बोलने के लिए जाने जाते हैं। कोई उनका गमछा छू देता है तो आंदोलन कर देते हैं। उनकी बाइक के आगे गड्ढा आ जाता है तो वहीं गमछा बिछा कर आंदोलन पर बैठ जाते हैं। और जब आपके ऊपर इतना बड़ा आरोप…
केंद्रीय बजट 2023 पर प्रधानमंत्री मोदी के उद्बोधन का मूल पाठ
ये बजट Sustainable Future के लिए, Green Growth, Green Economy, Green Energy, Green Infrastructure, और Green Jobs को एक अभूतपूर्व विस्तार देगा। बजट में हमने टेक्नॉलॉजी और न्यू इकॉनॉमी पर बहुत…
सोचिए एंडरसन ने कैसे पहले से शॉर्टसेल में लाखों शेयर बेच कर रिपोर्ट उछाली होगी फिर…
बिना किसी लागत के दुनिया भर की कम्पनियों की कमज़ोरियों पर नज़र रख कर ही कितना पैसा कमाया जा सकता है एंडरसन इसके उदाहरण है ।
गुरुकुल महिला महाविद्यालय मे डाटा साइंस विषय पर क्विज कॉम्पिटिशन
पॉजिटिव इंडिया, रायपुरः
गुरुकुल महिला महाविद्यालय, कालीबाड़ी रोड़, रायपुर (छ.ग.) के कंप्यूटर विभाग के द्वारा डाटा साइंस विषय पर क्विज कॉम्पिटिशन का आयोजन किया गया। जिसमे लगभग 50 ने भाग…
पूजिय विप्र सकल गुन हीना
सनातन धर्म का परमात्मा तो घट घट वासी है । तुलसी कहते हैं “सीय राम मय सब जग जानी । करहुँ प्रनाम जोरि जुग पानी” क्या शूद्र क्या ब्राह्मण !
आर्थिक समीक्षा 2022-23 के मुताबिक भारतीय अर्थव्यवस्था समस्त क्षेत्रों में विकास पथ…
शहरी और ग्रामीण दोनों ही क्षेत्रों में श्रम बाजार मुश्किलों से उबर कर कोविड पूर्व स्तर से ऊपर चला गया है। यही नहीं, बेरोजगारी दर वर्ष 2018-19 के 5.8 प्रतिशत से घटकर वर्ष 2020-21 में 4.2…
मजबूरी का नाम महात्मा गांधी
गांधी के सत्य का राम नाम सत्य करते गांधी के असली दुश्मन असल में कांग्रेस में ही बैठे थे। धीरे-धीरे गांधी इतने लाचार हो गए कि एक मुहावरा ही बन गया कि मजबूरी का नाम महात्मा गांधी।