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अंबेडकर

संसद में आम्बेडकर को लेकर चल रही फ़र्ज़ी खींचतान बहुत मनोरंजक है।

बँटेंगे तो कटेंगे का नारा वास्तव में सवर्ण हिन्दुओं के लिए उतना नहीं है, जितना कि वह ​बहुजनों के लिए है कि हमारे साथ रहो तो सुरक्षित रहोगे। जबकि कांग्रेस चाहती है कि धर्म ने जिनको जोड़ा है,…

हिंदू धर्म के डीएनए में एकता क्यो नहीं है ?

सावरकर समझते थे कि एकत्व क़ायम किए बिना बाहरी शक्तियों से लड़ा नहीं जा सकेगा। यही कारण था कि वे जाति-प्रथा के विरोधी थे, क्योंकि जातिगत विभेद हिंदू-एकता में बड़ी बाधा था। सावरकर एक राष्ट्र, एक…

आज तमाम राजनीतिक दल दलित वोटों की सौगात पाने के लिए अम्बेडकर जयंती की रिश्वत लिए खड़े…

आज तमाम राजनीतिक दल दलित वोटों की सौगात पाने के लिए अम्बेडकर जयंती की रिश्वत लिए खड़े दिख रहे हैं । हर साल दीखते हैं । लेकिन क्या यह दलित वोटर भी नहीं जानते कि यह राजनीतिक दलों के लोग…

संविधान बचाने का कुचक्र करने वाले अचानक मनुवाद की उल्टी क्यों करने लगते हैं?

रोहित वेमुला को जबरिया दलित घोषित कर जय भीम , जय मीम का नैरेटिव सेट करते हैं। तब जब कि अंबेडकर इस्लाम को अभिशाप और वामपंथियों को बंच आफ ब्राह्मण ब्वायज कहते हुए दुत्कारते मिलते हैं। फिर भी…

मोहन भागवत ने हिंदू धर्म में जातिवाद का ठीकरा पंडितों के सिर पर क्यो फोड़ दिया ?

जातियों का निर्माण ब्राह्मणों ने तो बिलकुल नहीं किया । लगभग सारी ही जातियाँ किसी न किसी आर्थिक गतिविधि से जुड़ी हैं उनमें आपस में ऊँच नीच ब्राह्मणों ने नहीं फैलाई ।

फिर हंड्रेड परसेंट आरक्षण और हंड्रेड परसेंट सेक्यूलरिज्म

आज़ादी की लड़ाई में डाक्टर भीमराव आंबेडकर और मोहम्मद अली जिन्ना के कभी जेल जाने , अंग्रेज पुलिस की लाठी खाने आदि-इत्यादि के कोई विवरण की जानकारी अगर किसी के पास हों तो ज़रुर साझा करे । जिन्ना…

अंबेडकर को संविधान निर्माता कहना संविधान के साथ छल और कपट है

अंबेडकर संविधान निर्माता नहीं हैं। अंबेडकर को संविधान निर्माता कहना , संविधान के साथ छल और कपट है। पाखंड है। चार सौ बीसी है। इस मामले में भी मैं अंबेडकर का परम निंदक हूं। लेकिन दलित वोट की…