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Politics
भारतीय जीवन में शराब और ज्योतिष एक मानक हैं
भारतीय जीवन में ज्योतिष एक जीवन है , एक व्यवसाय भी। और हां, ज्योतिष के ख़िलाफ़ बोलना, हल्ला मचाना भी एक किस्म की दुकानदारी ही है , कुछ और नहीं।
अगर लालू और राबड़ी के लड़के नहीं पढ़ पाए तो क्या इसमें ब्राह्मणों का दोष है ?
Positive India:Rajkamal Goswami:
आरक्षण के पीछे तर्क दिया गया था कि इतिहास में असमानता पूर्ण व्यवहार के कारण जो वर्ग पीछे रह गये हैं उन्हें समाज की मुख्य धारा में बराबरी पर लाया जा सके ।…
INDIA- NEPAL JOINT MILITARY EXERCISE SURYA KIRAN- XVII COMMENCES AT PITHORAGARH
Aim of INDIA- NEPAL JOINT MILITARY exercise is to enhance interoperability in jungle warfare, counter terrorism operations in mountainous terrain and Humanitarian Assistance and Disaster…
India And Lithuania Discusses Maritime Relations
India strives to strengthen its maritime capabilities, enhance trade efficiency, and emerge as a key player in the global maritime industry.
ईएंडवी बैंड में स्पेक्ट्रम के आवंटन, और माइक्रोवेव एक्सेस’ पर ट्राई के परामर्श पत्र…
Positive India:New Delhi:
भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) ने ‘ईएंडवी बैंड में स्पेक्ट्रम के आवंटन, और माइक्रोवेव एक्सेस (एमडब्ल्यूए) एवं माइक्रोवेव बैकबोन (एमडब्ल्यूबी) के लिए…
भारत-श्रीलंका संयुक्त सैन्य अभ्यास ‘मित्र शक्ति’-2023 शुरू
सैन्य अभ्यास ‘मित्र शक्ति’ - 2023 में हेलीकॉप्टरों के अलावा ड्रोन और काउंटर मानव रहित हवाई प्रणालियों का उपयोग भी शामिल होगा। आतंकवाद विरोधी अभियानों के दौरान हेलीपैडों को सुरक्षित करने और…
जहां सिर तन से जुदा हो रहा हो , ग़ालिब , शेक्सपियर ,कालिदास काम नहीं आते
हिंदू , मुसलमान एक बड़ी सचाई है । जैसे यहूदी , मुसलमान । जैसे क्रिश्चियन , मुसलमान । लेकिन हिप्पोक्रेटों को ग़ाज़ा में नरसंहार तो दिखता है , इज़रायल में हुआ 7 अक्टूबर का नरसंहार नहीं दिखता ।…
Breaking: Indian Navy Launches Antisubmarine Warfare Ship “Amini”
Launch of four ships of the same class within a year highlights our strides in indigenous shipbuilding, towards AatmaNirbhar Bharat.
आप अपने राज्य का भविष्य अर्थात कल कैसा चाहते हैं? घर से निकले और वोट करें
अपने राज्य का भविष्य अर्थात कल कैसा चाहते हैं...?
वही घपले,घोटाले और मुस्लिम तुष्टीकरण वाला या फिर विकासशील,सुरक्षित और हिंदुत्व की विचारधारा से ओत प्रोत!!
नेहरू का इतना विरोध क्यों है ?
नेहरू न होते तो इंदिरा राजीव और राहुल भी न होते । देश को बहुत सारी समस्याओं से छुटकारा मिल जाता । गुट निरपेक्षता की नीति भी न होती । या तो भारत अमेरिकी गुट में शामिल हो कर इस्राइल बन गया…