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Politics
नक्सल मीडिया के तमाम कोशिशों के बावजूद श्रीलंका की आग भारत क्यों नहीं पहुंची ?
भारत का नक्सल मीडिया श्रीलंका क्राइसिस के वक्त कह रहा था, धर्म के नाम पर श्रीलंका में जिस प्रकार से राजनीति की गई, आर्थिक तबाही उसी का नतीजा है। इस नक्सल मीडिया को ब्रिटेन पर यही सूत्र लगाकर…
तुग़लक़ पागल नहीं , बहुत बुद्धिमान था पर बतौर प्रशासक अक्षम भी लेकिन आज के तुग़लक़ ?
तुग़लक मज़हब से लड़ने की तरकीब जानता था । आज लेकिन सेक्यूलरिज्म के घनघोर दौर और दंभ में भी धर्म से लड़ने का लोग हौसला नहीं रखते । सेक्यूलरिज्म के नशे में चूर , राम के अस्तित्व को जो लोग अदालत…
आप क्या सोचते हैं 2024 के आमचुनाव के बारे मे ?
ग्लोबल हंगर इंडेक्स में भारत को पाक बांग्लादेश से भी नीचे जो रखा गया है ना....... यह इंडेक्स उन्ही वामी ताकतों द्वारा तैयार किया जाता है जो 8 साल से भारत के खिलाफ माहौल बना रहे हैं...यह भी…
प्रधानमंत्री मोदी ने डेफएक्सपो 2022 के दौरान स्वदेशी ट्रेनर विमान एचटीटी-40 का अनावरण…
एचटीटी-40 ट्रेनर विमान अत्याधुनिक समकालीन प्रणालियों से लैस है और इसे पायलट-अनुकूल सुविधाओं के साथ डिजाइन किया गया है। कुल 60 प्रतिशत से अधिक इन-हाउस पुर्जों और निजी उद्योग के सहयोग से…
कांग्रेस और वामपंथियों का कंधा आप को सिर्फ़ अमानुष और वोट बैंक बनाता है
तो क्या कश्मीर में लाखों कश्मीरी पंडितों को बेघर करने , उन की स्त्रियों के साथ बलात्कार , हत्या , लूटपाट और तमाम मंदिरों को तोड़ कर नदियों में बहा देने में भी क्या यही हिंदुत्ववादी , भाजपाई…
नेस्तनाबूद नहीं होगा जब तक बॉलीवुड, नवोदय कहां से होगा?
स्टारडम में बादशाहत, दबंगई और परफेक्शनिस्ट जैसा तमगा बंटने के बावजूद भी लोग बॉलीवुड वालों पर थूकते हैं। अरुण गोविल की तरह पूजे नहीं जाते, कम से कम सम्मान तो बचा रहता।
न्याय के निरंतर लक्ष्मी के दासी होते जाने की अनंत कथा
ढेर सारे किस्से हैं इन न्यायमूर्तियों के बिकने के और थैलीशाहों द्वारा इन्हें बारंबार खरीदने के। इन की औरतबाजी के किस्से और ज़्यादा।
India Opens The Biggest-Ever DefExpo-Path to Pride In Gujarat
Seventy five (75) countries will be participating in DefExpo 2022.
मनीष सिसोदिया को भगत सिंह संबोधित कर केजरीवाल भगत सिंह का मजाक नहीं उड़ा रहे हैं…
आज मनीष सिसोदिया को भगत सिंह कह कर केजरीवाल संबोधित करते हैं, तो सामाजिक मीडिया के लिए यह एक उपहास का मुद्दा बन जाता है। क्यों बन जाता है?
फ़िरोज़ गांधी सिर्फ सरोजनी नायडू की बेटी के अलावा लखनऊ की एक और औरत पर फ़िदा हुए
जब यह औरत फ़िरोज़ से मिलने जाती थी , तो जाने के पहले बाथटब में शराब भर कर कुछ देर उस में लेट जाती थी।